3,638 views
1 Star2 Stars3 Stars4 Stars5 Stars (No Ratings Yet)
Loading...
Facebook0Google+0Twitter0StumbleUpon0Pinterest0Reddit0Digg

श्री सुर्य  चालीसा


दोहा
कनक बदन कुण्डल मकर, मुक्ता माला अड्ग ।
पद्मासन स्थित ध्याइये, शंख चक्र के सड्ग ॥

चौपाई

जय सविता जय जयति दिवाकर ।
सहस्त्रांशु सप्ताश्व तिमिरहर ॥

भानु पतंग मरीची भास्कर सविता ।
हंस सुनूर विभाकर ॥

विवस्वान आदित्य विकर्तन ।
मार्तण्ड हरिरूप विरोचन ॥

अम्बरमणि खग रवि कहलाते ।
वेद हिरण्यगर्भ कह गाते ॥

सहस्त्रांशुप्रद्योतन कहि कहि ।
मुनिगन होत प्रसन्न मोदलहि ॥

अरुण सदृश सारथी मनोहर ।
हाँकत हय साता चढ़ि रथ पर ॥

मंडल की महिमा अति न्यारी ।
तेज रूप केरी बलिहारी ॥

उच्चैःश्रवा सदृश हय जोते ।
देखि पुरंदर लज्जित होते ॥

मित्र मरीचि भानु ।
अरुण भास्कर सविता ॥

सूर्य अर्क खग ।
कलिकर पूषा रवि ॥

आदित्य नाम लै ।
हिरण्यगर्भाय नमः कहिकै ॥

द्वादस नाम प्रेम सों गावैं ।
मस्तक बारह बार नवावै ॥

चार पदारथ सो जन पावै ।
दुःख दारिद्र अध पुञ्ज नसावै ॥

नमस्कार को चमत्कार यह ।
विधि हरिहर कौ कृपासार यह ॥

सेवै भानु तुमहिं मन लाई ।
अष्टसिद्धि नवनिधि तेहिं पाई ॥

बारह नाम उच्चारन करते ।
सहस जनम के पातक टरते ॥

उपाख्यान जो करते तवजन ।
रिपु सों जमलहते सोतेहि छन ॥

छन सुत जुत परिवार बढतु है ।
प्रबलमोह को फँद कटतु है ॥

अर्क शीश को रक्षा करते ।
रवि ललाट पर नित्य बिहरते ॥

सूर्य नेत्र पर नित्य विराजत ।
कर्ण देस पर दिनकर छाजत ॥

भानु नासिका वास रहु नित ।
भास्कर करत सदा मुख कौ हित ॥

ओंठ रहैं पर्जन्य हमारे ।
रसना बीच तीक्ष्ण बस प्यारे ॥

कंठ सुवर्ण रेत की शोभा ।
तिग्मतेजसः कांधे लोभा ॥

पूषां बाहू मित्र पीठहिं पर ।
त्वष्टा वरुण रहम सुउष्णाकर ॥

युगल हाथ पर रक्षा कारन ।
भानुमान उरसर्म सुउदरचन ॥

बसत नाभि आदित्य मनोहर ।
कटि मंह हँस रहत मन मुदभर ॥

जंघा गोपति सविता बासा ।
गुप्त दिवाकर करत हुलासा ॥

विवस्वान पद की रखवारी ।
बाहर बसते नित तम हारी ॥

सहस्त्रांशु सर्वांग सम्हारै ।
रक्षा कवच विचित्र विचारे ॥

अस जोजन अपने मन माहीं ।
भय जग बीज करहुँ तेहि नाहीं ॥

दरिद्र कुष्ट तेहिं कबहुँ न व्यापै ।
जोजन याको मनमहं जापै ॥

अंधकार जग का जो हरता ।
नव प्रकाश से आनन्द भरता ॥

दोहा

भानु चालीसा प्रेम युत, गावहि जे नर नित्य ।
सुख साम्पत्ति लहै विविध, होंहि सदा कृतकृत्य ॥

Jitendra Ravia (110 Posts)

Indian Journalist/Reporter, Editor of Daily News Paper, Writer/author of Magazine jeevanshailee, with responsibility of the Electronic media channel, GTPL.


 

Websites :
www.rajtechnologies.com (We build websites that make you money)
www.marketdecides.com (We mad a fresh business solutions)
www.jeevanshailee.com (Gujarati Vichar Sangrah)
www.brahmsamaj.org (Connecting Brahmins together )

Posted on Mar - 14 - 2012

Get Articles in your Inbox:

 

Categories: Members-Article

One Response so far.

  1. pragyesha says:

    Ati Sunder

Leave a Reply

You must be logged in to post a comment.

Sponsors

  • SEO-SEM-SMM
  • Cheap Web Hosting
  • jeevanshailee
  • Modern B2B Portal
  • Responsive Web Design India Ahmedabad

रामायण बालकाण्ड भाग १४

रामायण बालकाण्ड भाग १४ यहां रामायण के बालकाण्ड,अयोध्याकाण्ड,अरण्यकाण्ड,किष्किन्धाकाण्ड,सुन्दरकाण्ड,लंकाकाण्ड,उत्तरकाण्ड का विवरण […]

रामायण बालकाण्ड भाग १३

रामायण बालकाण्ड भाग १३ यहां रामायण के बालकाण्ड,अयोध्याकाण्ड,अरण्यकाण्ड,किष्किन्धाकाण्ड,सुन्दरकाण्ड,लंकाकाण्ड,उत्तरकाण्ड का विवरण […]

रामायण बालकाण्ड भाग १२

रामायण बालकाण्ड भाग १२ यहां रामायण के बालकाण्ड,अयोध्याकाण्ड,अरण्यकाण्ड,किष्किन्धाकाण्ड,सुन्दरकाण्ड,लंकाकाण्ड,उत्तरकाण्ड का विवरण […]

रामायण बालकाण्ड भाग ११

रामायण बालकाण्ड भाग ११ यहां रामायण के बालकाण्ड,अयोध्याकाण्ड,अरण्यकाण्ड,किष्किन्धाकाण्ड,सुन्दरकाण्ड,लंकाकाण्ड,उत्तरकाण्ड का विवरण […]

रामायण बालकाण्ड भाग १०

रामायण बालकाण्ड भाग १० यहां रामायण के बालकाण्ड,अयोध्याकाण्ड,अरण्यकाण्ड,किष्किन्धाकाण्ड,सुन्दरकाण्ड,लंकाकाण्ड,उत्तरकाण्ड का विवरण […]

Spread the Word - brahm samaj


Brahmin Social Network

Events